​जालौन: किसान दिवस पर डीएम का एक्शन मोड, आज से नहरें खोलने और लो-वोल्टेज समस्या दूर करने के कड़े निर्देश

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जालौन जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय विकास भवन में किसान दिवस के दौरान किसानों की समस्याएं सुनते हुए और सिंचाई विभाग को नहरें खोलने के निर्देश देते हुए।

उरई (जालौन): जनपद के विकास की धुरी ‘अन्नदाता’ की समस्याओं को सुनने और उनके त्वरित समाधान के लिए आज विकास भवन स्थित रानी लक्ष्मीबाई सभागार में किसान दिवस का भव्य आयोजन किया गया। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में प्रशासन ने किसानों की नब्ज टटोलते हुए सिंचाई और बिजली जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर तत्काल फैसले लिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट संदेश दिया कि खेती-किसानी के कार्यों में किसी भी प्रकार की बाधा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

सिंचाई संकट का समाधान: आज से बहेंगी नहरें

​बैठक के दौरान जनपद के विभिन्न विकासखंडों से आए किसानों ने रबी की फसलों की सिंचाई के लिए नहरों के संचालन का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। किसानों की चिंताओं पर तत्काल संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता को कड़े निर्देश दिए कि आज से ही नहरों का संचालन हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि टेल (अंतिम छोर) तक पानी पहुँचना चाहिए ताकि किसी भी किसान की फसल पानी के अभाव में खराब न हो।

लो-वोल्टेज और बिजली कनेक्शन पर सख्त हिदायत

​किसानों ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए लो-वोल्टेज की समस्या और लघु सिंचाई विभाग द्वारा कराई गई बोरिंग पर बिजली कनेक्शन न मिलने की शिकायत की।

  • लो-वोल्टेज: जिलाधिकारी ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में ट्रांसफार्मरों की क्षमता और मानक वोल्टेज की जांच करें ताकि ट्यूबवेल सुचारू रूप से चल सकें।
  • बोरिंग कनेक्शन: लघु सिंचाई योजना के तहत जिन किसानों की बोरिंग हो चुकी है, उन्हें शत-प्रतिशत विद्युत कनेक्शन प्राथमिकता के आधार पर देने के आदेश दिए गए।

फार्मर रजिस्ट्री और बीमा सूची का पारदर्शी प्रकाशन

​जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की कि वे सरकार की फैमिली आईडी (Family ID) और फार्मर रजिस्ट्री (Farmer Registry) प्रक्रिया में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। उन्होंने कहा कि इससे किसानों को सीधे लाभ पहुँचाने में पारदर्शिता आएगी। इसके साथ ही, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ पाने वाले किसानों की सूची को ग्राम पंचायत, विकास खंड, तहसील और सहकारी समितियों के सूचना पट्ट पर अनिवार्य रूप से चस्पा करने का आदेश दिया गया, ताकि किसानों को उनके अधिकारों की जानकारी मिल सके।

​बैठक में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) के.के. सिंह, उप कृषि निदेशक एस.के. उत्तम, और किसान संगठनों के दिग्गज नेता जैसे भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बलराम लंबरदार, किसान संघ के प्रांत अध्यक्ष साहब सिंह चौहान सहित कई पदाधिकारी और अधिकारी उपस्थित रहे।

​प्रशासन की इस सक्रियता ने किसानों के बीच विश्वास की नई किरण जगाई है।

रिपोर्ट: मुहम्मद साजिद, जालौन |UP SAMVAD
Source: Local Sources

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