कोंच में तेज रफ्तार का कहर: खेत से लौट रही मां-बेटी को बोलेरो ने रौंदा, हालत नाजुक

रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
कोंच (जालौन)। जनपद जालौन के कोंच कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत उरई रोड पर मंगलवार की रात एक हृदयविदारक सड़क हादसा सामने आया है। पनयारा और मनोरी गांव के बीच एक अनियंत्रित और तेज रफ्तार बोलेरो ने खेत से घर लौट रही मां और उसकी तीन वर्षीय मासूम बेटी को जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण भिड़ंत में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गईं। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए वाहन को कब्जे में ले लिया है, वहीं घायलों का उपचार अस्पताल में जारी है।
खेत से लौटते समय हुआ हादसा
प्राप्त विवरण के अनुसार, पनयारा गांव निवासी 26 वर्षीय रक्षा सोमवार (मंगलवार रात का घटनाक्रम) की शाम को अपने परिवार के सदस्यों के लिए भोजन लेकर खेत पर गई थीं। उनके साथ उनकी तीन वर्षीय मासूम बेटी वेदिका भी थी। रात करीब 9 बजे जब मां-बेटी खेत से काम निपटाकर पैदल अपने घर की ओर लौट रही थीं, तभी काल बनकर आई एक तेज रफ्तार बोलेरो ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि रक्षा और वेदिका सड़क से कई फीट दूर जा गिरीं और लहुलूहान हो गईं।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और अस्पताल में भर्ती
चीख-पुकार सुनकर आस-पास के ग्रामीण और राहगीर मौके पर जमा हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत ‘यूपी 112’ पीआरबी और एंबुलेंस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए दोनों घायलों को सरकारी वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कोंच पहुंचाया। चिकित्सा अधिकारियों के अनुसार, मां और बेटी दोनों को गंभीर आंतरिक चोटें आई हैं और उनकी स्थिति फिलहाल नाजुक बनी हुई है। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें उच्च केंद्र (Higher Center) रेफर किए जाने की तैयारी की जा रही है।
बोलेरो कब्जे में, चालक हिरासत में
घटना के बाद मौके पर तनाव का माहौल देख पुलिस ने मोर्चा संभाला। कोंच पुलिस ने दुर्घटना में शामिल बोलेरो वाहन को घेराबंदी कर पकड़ लिया है। पुलिस ने वाहन चालक को भी हिरासत में ले लिया है, जिससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला तेज रफ्तार और लापरवाही का प्रतीत हो रहा है। वाहन के दस्तावेजों और चालक के लाइसेंस की जांच की जा रही है ताकि कानूनी कार्रवाई को आगे बढ़ाया जा सके।
स्थानीय लोगों में आक्रोश: स्पीड ब्रेकर की मांग
इस दुर्घटना के बाद पनयारा और मनोरी गांव के ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि उरई-कोंच मार्ग पर रात के समय भारी और निजी वाहन अत्यंत तीव्र गति से चलते हैं, जिससे आए दिन बेगुनाह लोग हादसों का शिकार हो रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि:
- गांव के पास आबादी वाले क्षेत्रों में स्पीड ब्रेकर (गति अवरोधक) बनाए जाएं।
- रात के समय पुलिस गश्त बढ़ाई जाए और ओवरस्पीडिंग करने वाले वाहनों के चालान काटे जाएं।
- सड़क पर उचित प्रकाश व्यवस्था (Street Lights) सुनिश्चित की जाए।
प्रशासनिक रुख
कोतवाली पुलिस का कहना है कि मामले की तहरीर मिलने पर सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाएगा। वर्तमान में पुलिस की प्राथमिकता घायलों को बेहतर उपचार दिलाना और यातायात को सुचारू बनाए रखना है। इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और ग्रामीण क्षेत्रों में यातायात नियमों की अनदेखी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

Rahul (रिपोर्टर,जालौन) जालौन जनपद में स्थानीय समाचारों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। प्रशासन, सामाजिक मुद्दों और जनहित से जुड़ी खबरों को तथ्यों के आधार पर प्रस्तुत करते हैं।






