कोंच: नगर पालिका में श्रम विभाग का बड़ा अभियान; असंगठित श्रमिकों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए लगाया गया जागरूकता शिविर

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​नगर पालिका परिषद कोंच में आयोजित श्रम विभाग के जागरूकता शिविर में सरकारी योजनाओं की जानकारी लेते श्रमिक और विभागीय अधिकारी।

कोंच (जालौन): उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप समाज के अंतिम पायदान पर खड़े असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए गुरुवार को नगर पालिका परिषद कोंच के कार्यालय में एक महत्वपूर्ण जागरूकता एवं लाभ वितरण शिविर का आयोजन किया गया। श्रम विभाग द्वारा आयोजित इस शिविर का मुख्य उद्देश्य रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं, दिहाड़ी मजदूरों और निर्माण कार्यों में लगे श्रमिकों को शासन की विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं से अवगत कराना और उनका पंजीकरण सुनिश्चित करना था।

असंगठित श्रमिकों को मिलेगा योजनाओं का कवच

शिविर के दौरान विशेष रूप से मकान निर्माण कार्य में लगे राजमिस्त्री, लेबर, रिक्शा चालक, सब्जी विक्रेता और फेरी लगाने वाले मजदूरों पर ध्यान केंद्रित किया गया। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि अक्सर जागरूकता के अभाव में ये श्रमिक उन लाभों से वंचित रह जाते हैं जिनके वे हकदार हैं। शिविर में आए श्रमिकों को बताया गया कि एक बार ‘श्रम विभाग’ में पंजीकरण होने के बाद वे दुर्घटना बीमा, गंभीर बीमारी में स्वास्थ्य लाभ, बच्चों की उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता, और मातृत्व लाभ जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं के पात्र बन जाते हैं।

विशेषज्ञों ने साझा की महत्वपूर्ण जानकारी

श्रम प्रवर्तन विभाग से आए सुनील कुमार ने शिविर को संबोधित करते हुए योजनाओं की पात्रता के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार श्रमिक अपने औजार खरीदने के लिए सहायता राशि प्राप्त कर सकते हैं और आवास निर्माण के लिए सरकारी मदद का लाभ उठा सकते हैं। वहीं, कंप्यूटर ऑपरेटर आशिष पांडे ने तकनीकी बारीकियों पर प्रकाश डालते हुए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया को सरल भाषा में समझाया, ताकि श्रमिक बिचौलियों के चक्कर में फंसे बिना सीधे लाभ प्राप्त कर सकें।

संस्थाओं ने किया अधिकारों के प्रति जागरूक

सरकारी विभाग के साथ-साथ नागरिक समाज की संस्थाओं ने भी शिविर में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। जनसाहस संस्था के प्रतिनिधि राहुल यादव ने श्रमिकों को उनके कानूनी अधिकारों और कार्यस्थल पर सुरक्षा के बारे में जागरूक किया। इसी क्रम में दलित सम्मान और न्याय केंद्र के फील्ड ऑफिसर सचिन कुमार ने सामाजिक न्याय और भेदभाव मुक्त कार्य परिवेश पर जोर देते हुए श्रमिकों को संगठित होने की प्रेरणा दी।

आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण की ओर कदम

आयोजकों ने अंत में कहा कि इस तरह के शिविरों का निरंतर आयोजन किया जाना आवश्यक है ताकि असंगठित क्षेत्र के हर व्यक्ति का पंजीकरण हो सके। पंजीकरण न केवल उन्हें वित्तीय सहायता प्रदान करता है, बल्कि उन्हें एक पहचान भी देता है जो उनके आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए अनिवार्य है। शिविर में भारी संख्या में पुरुष व महिला श्रमिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी समस्याओं का मौके पर ही समाधान प्राप्त किया। नगर पालिका प्रशासन ने भी आश्वस्त किया कि भविष्य में भी इस प्रकार के जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के लिए पूरा सहयोग दिया जाएगा।

रिपोर्ट: मुहम्मद साजिद, जालौन |UP SAMVAD
Source: Local Sources

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