विज्ञापन | ADVERTISEMENT
बिसम्भर जनसेवा केंद्र विज्ञापन लियाकत टी स्टॉल बरेली विज्ञापन जनसेवा केंद्र विज्ञापन इंडियन मेडिकल स्टोर बरेली विज्ञापन
Breaking News Crime Jalaun Konch Law & Justice News Uttar Pradesh

​कोंच पुलिस की बड़ी कार्रवाई: नाबालिग किशोरी से दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग का आरोपी गिरफ्तार, बाल सुधार गृह भेजा गया

पॉक्सो एक्ट के मामले में पीड़िता के चिकित्सकीय परीक्षण हेतु CHC Konch का परिसर।

​कोंच (जालौन): उत्तर प्रदेश के जालौन जिले की कोंच कोतवाली पुलिस ने नाबालिग किशोरी के साथ पिछले 6 महीनों से किए जा रहे यौन शोषण और ब्लैकमेलिंग के सनसनीखेज मामले का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। वीडियो वायरल करने की धमकी देकर घिनौने कृत्य को अंजाम देने वाला आरोपी भी नाबालिग पाया गया है, जिसे विधिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद बाल सुधार गृह भेज दिया गया है।

​घटना का खौफनाक विवरण

​यह मामला बीते शुक्रवार को प्रकाश में आया था, जब नगर के एक मोहल्ला निवासी पीड़ित पिता ने कोंच कोतवाली में न्याय की गुहार लगाई। प्रार्थना पत्र के अनुसार, करीब 6 महीने पहले कोंच के नया पटेलनगर निवासी आयुष्मान जाटव ने उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर किसी अज्ञात स्थान पर ले गया था।

​आरोप है कि वहां आरोपी ने किशोरी को नशीला पदार्थ खिलाया और उसकी बेसुध हालत का फायदा उठाकर उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, आरोपी ने इस पूरी घटना का वीडियो भी बना लिया, जो बाद में पीड़ित किशोरी के लिए एक निरंतर चलने वाली प्रताड़ना का हथियार बन गया।

​वीडियो वायरल करने की धमकी और 6 माह का शोषण

​पीड़िता के पिता ने पुलिस को बताया कि आरोपी आयुष्मान जाटव ने उस अश्लील वीडियो के जरिए किशोरी को डराना-धमकाना शुरू कर दिया। उसने धमकी दी कि यदि उसने इस बारे में किसी को भी बताया, तो वह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा और उसे समाज में बदनाम कर देगा। बदनामी के इसी डर के कारण किशोरी पिछले 6 महीनों तक चुप रही और आरोपी लगातार उसका शारीरिक शोषण करता रहा। आखिरकार, हिम्मत जुटाकर किशोरी ने अपनी आपबीती अपने परिजनों को बताई, जिसके बाद शुक्रवार को मामले की शिकायत दर्ज कराई गई।

​पुलिस की त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारी

​मामले की गंभीरता और पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) जैसे कड़े कानून के उल्लंघन को देखते हुए, कोंच कोतवाल अजीत कुमार सिंह ने तत्काल एक टीम गठित की। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(1) और 3/4 पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत किया था।

​लगातार तलाश में जुटी पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर आरोपी आयुष्मान जाटव को धर दबोचा। आरोपी के नाबालिग होने के कारण पुलिस ने उसे मंगलवार को सक्षम प्राधिकारी के समक्ष पेश किया, जहाँ से उसे बाल सुधार गृह केंद्र भेजने के निर्देश दिए गए।

​सामाजिक जागरूकता की आवश्यकता

​पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किशोरों में इस तरह के अपराधों का बढ़ना चिंताजनक है। स्मार्टफोन और इंटरनेट के गलत इस्तेमाल ने ब्लैकमेलिंग जैसी घटनाओं को बढ़ावा दिया है। पुलिस ने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों और उनकी मानसिक स्थिति पर नजर रखें, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।

रिपोर्ट: मुहम्मद साजिद, जालौन |UP SAMVAD
Source: Local Sources

About The Author

Leave a Reply