कोंच: ग्राम क्योलारी में नाले की बदहाली से ग्रामीण परेशान, एसडीएम को शिकायती पत्र सौंपकर लगाई न्याय की गुहार
रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
कोंच (जालौन): उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के कोंच तहसील अंतर्गत आने वाले ग्राम क्योलारी में विकास के दावों की पोल खोलती एक गंभीर तस्वीर सामने आई है। गांव में लंबे समय से नाले की सफाई और उसका निर्माण न होने के कारण स्थानीय ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या से त्रस्त होकर बुधवार को गांव के एक संभ्रांत नागरिक ने प्रशासनिक अधिकारियों का दरवाजा खटखटाया और उपजिलाधिकारी (एसडीएम) कोंच को एक शिकायती पत्र सौंपकर तत्काल ठोस कार्रवाई की मांग की है।
जर्जर नाला और गंदगी से नारकीय हुआ जीवन

मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम क्योलारी निवासी रामपाल पुत्र हरचरन पाल ने एसडीएम कोंच को दिए गए शिकायती पत्र में अपनी पीड़ा खुलकर व्यक्त की है। रामपाल ने बताया कि उनके घर के ठीक सामने स्थित मुख्य नाला लंबे समय से अत्यंत जर्जर और बदहाल अवस्था में पड़ा हुआ है। इस नाले की सुधि लेने वाला कोई नहीं है, जिसके चलते इसमें महीनों से कीचड़, गंदा पानी और कूड़ा-करकट जमा होता चला आ रहा है।
इस अस्वच्छता के कारण न केवल पूरे इलाके में भीषण दुर्गंध उठती है, बल्कि आने-जाने वाले राहगीरों और स्कूली बच्चों को भी आवागमन में भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। स्थिति तब और अधिक भयावह हो जाती है जब हल्की सी बारिश में भी यह नाला ओवरफ्लो होकर सड़कों पर फैल जाता है।
ग्राम प्रधान की उदासीनता पर उठे सवाल
शिकायतकर्ता रामपाल ने स्थानीय प्रशासन और पंचायत प्रतिनिधियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उन्होंने अपनी इस विकट समस्या को लेकर कई बार ग्राम प्रधान से गुहार लगाई और नाले की तत्काल सफाई तथा पक्के निर्माण की मांग की। परंतु, ग्राम प्रधान और जिम्मेदार पंचायत अधिकारियों की सुस्त कार्यशैली के कारण अब तक इस दिशा में कोई भी सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि बार-बार गुहार लगाने के बावजूद उनकी शिकायतों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है, जिससे जनप्रतिनिधियों और स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी बड़े सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। बदतर हालात के कारण गांव में कभी भी किसी संक्रामक बीमारी के फैलने का खतरा लगातार मंडरा रहा है।
एसडीएम से सख्त कार्रवाई की गुहार
बुधवार को दिए गए शिकायती पत्र के माध्यम से पीड़ित रामपाल ने उपजिलाधिकारी कोंच से पुरजोर मांग की है कि इस मामले का तुरंत संज्ञान लिया जाए। उन्होंने मांग की है कि संबंधित ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव को कड़े निर्देश देकर प्राथमिकता के आधार पर नाले की संपूर्ण सफाई कराई जाए और इसके पक्के निर्माण की प्रक्रिया शुरू की जाए।
स्थानीय ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो उन्हें मजबूरन बड़े स्तर पर प्रशासनिक कार्यालयों के चक्कर काटने और विरोध प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले में कितनी जल्दी कड़ा रुख अपनाकर ग्रामीणों को राहत दिला पाता है।






