दिल्ली से महोबा जा रही स्लीपर बस में भीषण आग लगने से 9 लोगों की मौत। उरई निवासी हासिर खान ने जान जोखिम में डालकर कई यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला।
उरई(जालौन) : यमुना एक्सप्रेसवे पर दिल्ली से महोबा जा रही एक स्लीपर बस में देर रात भीषण आग लगने से दर्दनाक हादसा हो गया। आग की चपेट में आने से 9 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से झुलस गए। यह हादसा उस समय हुआ जब बस में अचानक धुआं भर गया और कुछ ही मिनटों में आग ने पूरी बस को अपनी गिरफ्त में ले लिया।
इस हादसे में जालौन के उरई कोतवाली क्षेत्र के लहरियापुरवा निवासी हासिर खान ने अदम्य साहस का परिचय दिया। हासिर स्वयं बस में सवार थे और उन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना करीब 13 से 14 यात्रियों को बस से बाहर निकालकर उनकी जान बचाई।
हासिर खान ने बताया कि वह नोएडा से बस में सवार हुए थे। आग लगते ही चालक और परिचालक बस रोककर बाहर निकल गए, जिसके बाद यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। पीछे की सीटों पर बैठे कई लोग धुएं और आग के कारण बाहर नहीं निकल पा रहे थे। ऐसे में उन्होंने लगातार यात्रियों को बाहर निकालने का प्रयास किया।
बचाव के दौरान हासिर खान की कमर में अंदरूनी चोटें भी आईं। उन्होंने बताया कि बस में रखा उनका बैग भी जल गया, जिसमें करीब 1.14 लाख रुपये थे। इसके बावजूद उन्होंने सामान की बजाय यात्रियों की जान बचाने को प्राथमिकता दी। उनके अनुसार, पीछे की ओर फंसे कुछ यात्री आग की चपेट में आ गए और बाहर नहीं निकल सके।
फिलहाल हादसे की जांच जारी है और घायलों का उपचार विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है।







