जालौन में तेज रफ्तार का कहर: बाइक की भीषण टक्कर में इंटरमीडिएट छात्र की दर्दनाक मौत, मचा कोहराम

रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
जालौन: उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में रफ्तार का जुनून एक बार फिर एक युवा छात्र की जान का दुश्मन बन गया। चुर्खी थाना क्षेत्र के अंतर्गत सड़क पर हुई एक भीषण दुर्घटना में इंटरमीडिएट के 18 वर्षीय छात्र की मौके पर ही मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना ने न केवल एक परिवार का भविष्य उजाड़ दिया, बल्कि पूरे रानिया बेंदेपुरा गांव में शोक की लहर दौड़ा दी है।
क्या है पूरा मामला?
मृतक की पहचान सत्यम सिंह (18 वर्ष) के रूप में हुई है, जो रानिया बेंदेपुरा गांव का रहने वाला था। सत्यम अपने सुनहरे भविष्य के सपने संजोए उरई में रहकर अपनी इंटरमीडिएट की पढ़ाई कर रहा था। वहां उसने पढ़ाई के लिए किराए का कमरा ले रखा था। दैनिक दिनचर्या के अनुसार, सत्यम अपनी बाइक से गांव से वापस उरई स्थित अपने आवास की ओर लौट रहा था। तभी नियति ने उसके साथ एक क्रूर खेल खेला।
आमने-सामने हुई जोरदार टक्कर
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, रास्ते में विपरीत दिशा से आ रही एक तेज रफ्तार बाइक ने सत्यम की मोटरसाइकिल में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सत्यम अपनी बाइक से अनियंत्रित होकर सड़क पर जा गिरा और गंभीर रूप से घायल हो गया। आसपास के लोगों ने तुरंत दौड़कर उसे संभाला और आनन-फानन में मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
घटना की जानकारी मिलते ही सत्यम के घर में कोहराम मच गया। जिस बेटे को कुछ घंटे पहले मुस्कुराते हुए विदा किया था, उसकी मौत की खबर ने परिजनों को अंदर तक झकझोर कर रख दिया है। अस्पताल पहुंचे स्वजन का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता शिवराज सिंह और अन्य परिजनों की चीखें अस्पताल के माहौल को गमगीन कर रही थीं। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सत्यम पढ़ाई में होनहार था और उसकी असमय मौत से पूरे गांव ने एक होनहार बेटा खो दिया है।
पुलिस ने शुरू की कार्रवाई
घटना की सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है और टक्कर मारने वाली दूसरी बाइक की तलाश की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मृतक के परिजन शिवराज सिंह का कहना है:
”मेरा बेटा अपने सपनों को पूरा करने के लिए मेहनत कर रहा था। तेज रफ्तार ने हमसे हमारा सबकुछ छीन लिया। हम न्याय की मांग करते हैं ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी न झेलनी पड़े।”






