जालौन: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास पेड़ से लटका मिला युवक का शव; पारिवारिक कलह बनी मौत का कारण

रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
जालौन। जनपद के कुठौंद थाना क्षेत्र से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ सोमवार को बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के किनारे एक बबूल के पेड़ से युवक का शव लटकता मिलने से सनसनी फैल गई। घटना की जानकारी मिलते ही राहगीरों और स्थानीय ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। प्रारंभिक जांच में मामला घरेलू विवाद के बाद आत्मघाती कदम उठाने का प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहनता से तफ्तीश शुरू कर दी है।
दोपहर के वक्त ग्रामीणों ने देखा शव
यह घटना कुठौंद थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम जमालपुर ध्यान के पास की है। सोमवार दोपहर लगभग 3 बजे, जब कुछ ग्रामीण बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के सर्विस रोड के समीप से गुजर रहे थे, तब उनकी नजर एक्सप्रेसवे किनारे स्थित एक बबूल के पेड़ पर पड़ी। पेड़ से एक युवक का शव फंदे के सहारे लटका हुआ था। दृश्य को देखकर ग्रामीण सिहर उठे और तत्काल इसकी सूचना गांव के पूर्व प्रधान देवेंद्र कुमार चतुर्वेदी को दी गई। पूर्व प्रधान ने बिना विलंब किए स्थानीय पुलिस को घटना से अवगत कराया।
मृतक की शिनाख्त और परिजनों का विलाप
सूचना मिलते ही कुठौंद थाना प्रभारी निरीक्षक जगदंबा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को फंदे से नीचे उतारकर आसपास के लोगों से शिनाख्त की कोशिश की। मृतक की पहचान गोरा राजपुरा गांव निवासी 30 वर्षीय राहुल पुत्र साहब सिंह के रूप में हुई। जैसे ही राहुल की मौत की खबर उसके घर पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया। आनन-फानन में परिजन मौके पर पहुंचे, जहाँ शव की स्थिति देखकर उनका रो-रोकर बुरा हाल था।
पत्नी के मायके जाने के बाद से लापता था राहुल
परिजनों और स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, राहुल का अपनी पत्नी के साथ पिछले काफी समय से विवाद चल रहा था। अक्सर होने वाले झगड़ों से घर में तनाव का माहौल बना रहता था। बताया जा रहा है कि तीन दिन पहले ही राहुल की मां ने विवाद को शांत करने के उद्देश्य से अपनी बहू को उसके मायके (थाना गोहन क्षेत्र के विजदुवां गांव) भेज दिया था। पत्नी के जाने के बाद से ही राहुल मानसिक रूप से परेशान था और घर से कहीं लापता हो गया था। परिजन पिछले तीन दिनों से उसकी तलाश कर रहे थे, लेकिन सोमवार को उसकी मृत्यु की खबर ही घर पहुँची।
पीछे छोड़ गया मासूमों का संसार
30 वर्षीय राहुल अपने पीछे एक पुत्र और एक पुत्री सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गया है। इस आत्मघाती कदम ने न केवल एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है, बल्कि दो मासूमों के सिर से पिता का साया भी छीन लिया है। ग्रामीणों के अनुसार, राहुल के इस कदम की किसी को उम्मीद नहीं थी, हालांकि उसकी मानसिक स्थिति पिछले कुछ दिनों से ठीक नहीं लग रही थी।
पुलिस की कार्रवाई और आगामी जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस हर पहलू पर नजर बनाए हुए है। थाना प्रभारी निरीक्षक जगदंबा ने मीडिया को बताया कि शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया गया है। उन्होंने कहा, “प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का लग रहा है, जो संभवतः घरेलू कलह की वजह से किया गया है। फिर भी, हम पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं ताकि मौत के सटीक कारणों का पता चल सके। परिजनों के बयानों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।”
फिलहाल, पुलिस यह भी जांच कर रही है कि लापता होने के दौरान राहुल कहाँ था और क्या इस घटना के पीछे कोई अन्य बाहरी दबाव या कारण तो नहीं था। इस घटना ने एक बार फिर सामाजिक और मानसिक स्वास्थ्य के मुद्दों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।







