कालपी में कांग्रेस का शक्ति प्रदर्शन, सामाजिक न्याय सम्मेलन में हजारों की भीड़ जुटी
कालपी (जालौन): उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के कालपी विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत एमएसवी इंटर कॉलेज के मैदान में रविवार को एक विशाल ‘सामाजिक न्याय भागीदारी सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर ओबीसी विभाग एवं विधानसभा के प्रबल दावेदार राहुल राय प्रजापति के संयोजन में हुए इस सम्मेलन में हजारों की संख्या में ओबीसी, दलित, मजदूर, किसान, युवा, महिलाएं और कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान मुख्य रूप से जातिगत जनगणना में ओबीसी का अलग कॉलम जोड़ने और देश की आबादी के अनुपात में प्रत्येक वर्ग की हिस्सेदारी सुनिश्चित करने की पुरजोर मांग उठाई गई।
केंद्र सरकार पर बरसे मुख्य अतिथि डॉ. अनिल जयहिन्द

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कांग्रेस ओबीसी विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनिल जयहिन्द रहे। उनके साथ प्रदेश अध्यक्ष मनोज यादव, वरिष्ठ नेता शशि भूषण पंडित और कांग्रेस प्रवक्ता चित्रा बाथम भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं। अपने संबोधन में डॉ. जयहिन्द ने सांसद राहुल गांधी द्वारा देश भर में चलाई जा रही जातिगत जनगणना की मुहिम का उल्लेख किया। उन्होंने केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार ओबीसी वर्ग की अनदेखी कर रही है। उन्होंने मांग की कि जनगणना फॉर्म में ओबीसी का अलग से कॉलम जोड़ा जाए और केंद्र व राज्य की सूचियों में शामिल जातियों की वास्तविक संख्या को पारदर्शी तरीके से दर्ज किया जाए। इस दौरान उन्होंने राहुल राय प्रजापति की कालपी विधानसभा क्षेत्र से मजबूत दावेदारी का भी खुलकर समर्थन किया।
सामाजिक न्याय और अधिकारों की लड़ाई होगी तेज
प्रदेश अध्यक्ष मनोज यादव ने जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि कालपी में ओबीसी समाज की यह एकजुटता प्रदेश में सामाजिक न्याय की लड़ाई को एक नई और सशक्त दिशा प्रदान करेगी। उन्होंने हुंकार भरते हुए कहा कि जब तक जनगणना फॉर्म में ओबीसी कॉलम को शामिल नहीं किया जाता, तब तक कांग्रेस पार्टी का यह संघर्ष निरंतर जारी रहेगा।
कार्यक्रम के आयोजक राहुल राय प्रजापति ने ओबीसी और दलित समाज का आह्वान किया कि वे देश के संविधान और आरक्षण की रक्षा के लिए पूरी तरह एकजुट हो जाएं। उन्होंने विश्वास दिलाया कि सामाजिक न्याय और हक की इस लड़ाई को जिले के गांव-गांव तक पहुंचाया जाएगा ताकि हर वंचित व्यक्ति तक उसका अधिकार पहुंच सके।
जमीनी संगठन को मजबूत करने पर बल
सम्मेलन के दौरान वक्ताओं ने पार्टी संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक मजबूत करने तथा जनता के साथ निरंतर संवाद स्थापित करने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अलावा विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे, जिससे कार्यक्रम में एक मजबूत राजनीतिक संदेश देखने को मिला।






