डीएम की फटकार: पोषण योजनाओं में लापरवाही पर दो CDPO को नोटिस, 31 मार्च तक लक्ष्य पूरा करने के निर्देश

उरई (जालौन): जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने स्पष्ट किया है कि शासन की प्राथमिकता वाली पोषण योजनाओं में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला पोषण समिति की बैठक में डीएम ने खराब प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों की क्लास लगाई और सुधार के कड़े निर्देश दिए।
मुख्य निर्देश और सख्त कार्रवाई
- नोटिस और चेतावनी: पोषण ट्रैकर पर फेस कैप्चरिंग और ई-केवाईसी में खराब प्रगति मिलने पर CDPO माधौगढ़ और कुठौंद को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। वहीं, पोषाहार वितरण में लापरवाही पर CDPO कुठौंद और कदौरा को कड़ी चेतावनी दी गई।
- मातृ वंदना योजना: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए डीएम ने 31 मार्च 2026 तक शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने और साप्ताहिक मॉनिटरिंग के निर्देश दिए।
- NRC में भर्ती: कुपोषित बच्चों के उपचार (NRC) में मात्र 9 बच्चों की भर्ती पर असंतोष व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने हर ब्लॉक से कम से कम 2-2 बच्चों को अनिवार्य रूप से भर्ती कराने को कहा।
- सम्मान की घोषणा: अच्छा कार्य करने वाले जिला और ब्लॉक कोऑर्डिनेटरों को 26 जनवरी को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा।
समीक्षा के मुख्य बिंदु
भर्ती प्रक्रिया: आंगनबाड़ी सहायिका भर्ती और मिशन कर्मयोगी प्रशिक्षण की प्रगति की जांच।
पोषण ट्रैकर: आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों द्वारा फीडिंग और फेस कैप्चरिंग की अनिवार्यता।
केंद्र निरीक्षण: सीडीपीओ और सुपरवाइजर नियमित रूप से केंद्रों का दौरा कर पोषाहार वितरण की पारदर्शिता सुनिश्चित करें।






