रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
जालौन। उत्तर प्रदेश के जालौन जिले से एक बेहद दुखद और हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ नदी में नहाने गए एक किशोर की गहरे पानी में समा जाने से दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के दौरान मौके पर मौजूद उसके दोस्तों ने उसे बचाने का हरसंभव प्रयास किया, लेकिन नदी का तेज बहाव और गहराई उनकी कोशिशों पर भारी पड़ गई। इस असमय हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियाँ छीन ली हैं। घटना के बाद से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
दोस्तों के साथ गया था नहाने, गहरे पानी ने ली जान
प्राप्त विवरण के अनुसार, यह पूरी घटना जालौन जिले के आटा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम परासन की है। बताया जा रहा है कि गर्मी से राहत पाने और मौज-मस्ती के सिलसिले में गाँव का ही एक किशोर अपने कुछ दोस्तों के साथ स्थानीय नदी में नहाने के लिए गया था। नदी के किनारे नहाते-नहाते अचानक किशोर का संतुलन बिगड़ गया और वह तैरते हुए नदी के उस हिस्से में चला गया जहाँ पानी अत्यधिक गहरा था।
गहरे पानी में कदम रखते ही वह खुद को संभाल नहीं पाया और डूबने लगा। उसे छटपटाता देख नदी में मौजूद उसके दोस्तों ने तत्परता दिखाते हुए उसे बचाने का भरसक प्रयास किया। दोस्तों ने शोर मचाया और हाथ-पैर मारकर उसे खींचने की कोशिश की, लेकिन पानी का दबाव और गहराई इतनी ज्यादा थी कि किशोर देखते ही देखते आँखों के सामने ओझल हो गया और गहरे पानी में समा गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा
जैसे ही इस हादसे की खबर गाँव में फैली, मौके पर भारी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। घटना की सूचना तुरंत स्थानीय आटा थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही कानून-व्यवस्था को संभालते हुए पुलिस बल बिना समय गंवाए घटनास्थल पर पहुँचा। स्थानीय गोताखोरों और ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद किशोर के शव को नदी से बाहर निकाला जा सका।
पुलिस का आधिकारिक वक्तव्य:
“आटा थाना पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए शव को अपने कब्जे में ले लिया है। पंचनामा की वैधानिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को जिला मुख्यालय के पोस्टमार्टम गृह के लिए रवाना कर दिया गया है। मामले की जाँच की जा रही है।”
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, गाँव में पसरा सन्नाटा
इस दर्दनाक हादसे की खबर जैसे ही किशोर के घर पहुँची, परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। जिस बेटे को कुछ देर पहले उन्होंने सही-सलामत घर से बाहर जाते देखा था, उसकी मौत की खबर ने माता-पिता को झकझोर कर रख दिया। घटनास्थल से लेकर घर तक परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। माँ और पिता का क्रंदन सुनकर वहाँ मौजूद हर शख्स की आँखें नम हो गईं।
परासन गाँव में इस घटना के बाद से किसी भी घर में चूल्हा नहीं जला है और पूरे माहौल में सन्नाटा पसरा हुआ है। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने और उचित सरकारी सहायता राशि प्रदान करने की मांग की है। वहीं, प्रशासन ने भी इस मौसम में बच्चों को गहरे नदी-तालाबों से दूर रखने की अपील की है।






