जालौन में कड़ी सुरक्षा के बीच लेखपाल मुख्य परीक्षा 2025 सकुशल संपन्न; DM और SP ने केंद्रों पर की छापेमारी

जालौन : उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) के तत्वावधान में गुरुवार को आयोजित ‘लेखपाल मुख्य परीक्षा 2025’ जनपद जालौन में पूर्णतः शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सकुशल संपन्न हो गई। शासन की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत जिला प्रशासन इस बेहद महत्वपूर्ण परीक्षा को नकलविहीन और पारदर्शी बनाने के लिए सुबह से ही हाई अलर्ट पर नजर आया। परीक्षा के दौरान सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए गए थे, जिससे किसी भी अप्रिय स्थिति या गड़बड़ी की गुंजाइश को पूरी तरह समाप्त किया जा सके।
जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक का औचक निरीक्षण
परीक्षा की शुचिता को परखने और सुरक्षा व्यवस्था का जमीनी जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय तथा पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह खुद मैदान में उतरे। दोनों आला अधिकारियों ने भारी पुलिस बल के साथ जनपद के विभिन्न संवेदनशील परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) किया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने न केवल अभ्यर्थियों की प्रवेश प्रक्रिया और सघन तलाशी (Frisking) का अवलोकन किया, बल्कि परीक्षा केंद्रों के अंदर स्थापित सीसीटीवी मॉनिटरिंग रूम (CCTV Monitoring Room) का भी गहन निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने केंद्र व्यवस्थापकों को सख्त लहजे में हिदायत दी कि परीक्षा की शुचिता और गरिमा से समझौता करने वाले किसी भी तत्व को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा में तैनात जवानों को मुस्तैद रहने और परीक्षा केंद्रों के बाहर अनावश्यक भीड़ को तत्काल हटाने के निर्देश दिए।
अधिकारियों का संदेश: “शासन की मंशा के अनुरूप परीक्षा की पारदर्शिता सर्वोपरि है। ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों की हल्की सी भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
आंकड़ों की जुबानी: 2793 अभ्यर्थियों ने भाग्य आजमाया, 543 रहे अनुपस्थित
प्रशासनिक अधिकारियों से प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, जालौन जनपद में इस परीक्षा को आयोजित करने के लिए कुल 9 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। इन सभी केंद्रों पर कुल 3,336 अभ्यर्थी पंजीकृत (Registered) थे। कड़े सुरक्षा घेरे के बीच आयोजित हुई इस परीक्षा में कुल 2,793 परीक्षार्थी उपस्थित रहे, जबकि 543 अभ्यर्थियों ने विभिन्न कारणों से परीक्षा छोड़ दी।
केंद्रवार उपस्थिति और अनुपस्थिति का विस्तृत ब्योरा
परीक्षा की सुव्यवस्थित मॉनिटरिंग के लिए प्रशासन ने सभी 9 केंद्रों के आंकड़े जारी किए हैं, जो इस प्रकार हैं:
| परीक्षा केंद्र का नाम | कुल पंजीकृत | उपस्थित परीक्षार्थी | अनुपस्थित परीक्षार्थी |
|---|---|---|---|
| आचार्य नरेंद्र देव इंटर कॉलेज | 480 | 399 | 81 |
| आर्य कन्या इंटर कॉलेज | 384 | 318 | 66 |
| डी.ए.वी. इंटर कॉलेज | 240 | 199 | 41 |
| दयानंद वैदिक कॉलेज | 312 | 273 | 39 |
| राजकीय बालिका इंटर कॉलेज | 384 | 314 | 70 |
| राजकीय इंटर कॉलेज | 384 | 318 | 66 |
| सनातन धर्म इंटर कॉलेज | 384 | 323 | 61 |
| सर्वोदय इंटर कॉलेज | 384 | 324 | 60 |
| श्री गांधी इंटर कॉलेज | 384 | 325 | 59 |
| कुल योग | 3336 | 2793 | 543 |
अधिकारियों का वक्तव्य: कानून व्यवस्था और शुचिता की जीत
परीक्षा के सफल समापन के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने कहा:
”उत्तर प्रदेश सरकार की मंशानुसार संपूर्ण जनपद में परीक्षा को पूरी पारदर्शिता, निष्पक्षता और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराया गया है। उड़नदस्तों (Flying Squads) और स्टेटिक मजिस्ट्रेटों की सक्रियता के कारण कहीं भी कोई अप्रिय घटना या अनुचित साधनों के प्रयोग का मामला सामने नहीं आया।”
वहीं, पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने सुरक्षा व्यवस्था पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा:
”सभी 9 परीक्षा केंद्रों और उनके आसपास के संवेदनशील इलाकों में पर्याप्त पुलिस बल, महिला आरक्षियों और खुफिया तंत्र को तैनात किया गया था। सघन चेकिंग के बाद ही अभ्यर्थियों को प्रवेश दिया गया। पूरे जनपद में परीक्षा शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई है और कहीं से भी किसी प्रकार की अव्यवस्था या अराजकता की कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है।”
इस सफल आयोजन से जिला प्रशासन और पुलिस महकमे ने राहत की सांस ली है, वहीं अभ्यर्थियों ने भी प्रशासनिक व्यवस्थाओं की सराहना की है।






