उरई की मंडी परिषद में भाकियू महापंचायत में अतिवृष्टि से फसल बर्बादी, कर्जमाफी, MSP और बुंदेलखंड के लिए विशेष आर्थिक पैकेज की मांग उठाई।
उरई(जालौन) : भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राकेश टिकैत ने शुक्रवार को जालौन के उरई स्थित मंडी परिषद में आयोजित विशाल किसान महापंचायत को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का वादा किया गया था, लेकिन किसानों की आय बढ़ने के बजाय उन पर कर्ज का बोझ कई गुना बढ़ गया है।
अतिवृष्टि से बर्बाद फसल पर मांगा पूरा मुआवजा
राकेश टिकैत ने कहा कि बुंदेलखंड की भौगोलिक परिस्थितियां अलग हैं और हाल की अतिवृष्टि से खरीफ फसलें भारी नुकसान झेल रही हैं। उन्होंने जलभराव से प्रभावित किसानों को शीघ्र और पूरा मुआवजा देने तथा बुंदेलखंड के लिए अलग आर्थिक पैकेज घोषित करने की मांग की।
MSP, कर्जमाफी और बटाईदार किसानों की पैरवी
किसान नेता ने स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशें लागू करने, न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को प्रभावी बनाने और किसानों की कर्जमाफी की मांग दोहराई। उन्होंने कहा कि जमीन अधिग्रहण में बाजार दर के अनुसार मुआवजा मिले तथा बटाईदार किसानों को भी फसल नुकसान का लाभ दिया जाए।
जालौन से बुंदेलखंड अभियान की शुरुआत
राकेश टिकैत ने कहा कि भारतीय किसान यूनियन किसी राजनीतिक दल का समर्थन नहीं करती, बल्कि किसानों के मुद्दों पर संघर्ष करती है। उन्होंने घोषणा की कि जालौन से बुंदेलखंड में जिला स्तर पर महापंचायतों और जनसंवाद अभियान की शुरुआत की जाएगी।








