जालौन में नियमों को ठेंगा: समय से पहले और ओवररेटिंग पर बिक रही शराब, बंद शटर के पीछे का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
जालौन। उत्तर प्रदेश में योगी सरकार की सख्त हिदायतों और आबकारी विभाग के कड़े दावों के बावजूद जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। जनपद जालौन से एक ऐसा ही सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ सरकारी नियमों और आबकारी मानकों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। जिले के उरई कोतवाली क्षेत्र के करमेर रोड स्थित एक देशी शराब ठेके पर निर्धारित समय से काफी पहले, सुबह-सुबह ही अवैध रूप से शराब की धड़ल्ले से बिक्री की जा रही है। इस पूरी अवैध गतिविधि का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने प्रशासनिक अमले और आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुबह 10 बजे का नियम, पर 6:30 बजे से ही सज जाती है ‘महफ़िल’
नियमानुसार, उत्तर प्रदेश में शराब की दुकानों को खोलने और बिक्री शुरू करने का वैध समय सुबह 10 बजे निर्धारित है। सरकारी आदेशों के मुताबिक, इससे पहले या बाद में दुकान खोलना दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है। लेकिन उरई के करमेर रोड स्थित इस देशी शराब ठेके पर कानून का कोई खौफ नजर नहीं आ रहा है। यहाँ सुबह के महज 6:30 बजते ही शराब की बिक्री शुरू हो जाती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सुबह की सैर पर निकलने वाले लोगों और कामगारों को सुबह-सुबह ही शराब परोसकर क्षेत्र के माहौल को खराब किया जा रहा है।
चोर दरवाजे से खेल: गेट बंद कर अंदर से हो रही सप्लाई
वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कार्रवाई और बदनामी से बचने के लिए शराब विक्रेता ने एक शातिर तरीका अपनाया हुआ है। ठेके का मुख्य चैनल गेट बाहर से बंद रखा जाता है, ताकि दूर से देखने पर लगे कि दुकान बंद है। लेकिन गेट के नीचे या बगल के चोर रास्ते से ग्राहकों से पैसे लिए जाते हैं और अंदर से शराब की बोतलें सप्लाई की जाती हैं। चौंकाने वाली बात यह भी सामने आई है कि सुबह के वक्त इस अवैध बिक्री के लिए ग्राहकों से निर्धारित प्रिंट रेट (MRP) से अधिक पैसे यानी ‘ओवररेटिंग’ वसूली जा रही है। सुबह-सुबह मजबूरी और लत का फायदा उठाकर सेल्समैन मोटी कमाई कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, आबकारी विभाग की साख पर उठे सवाल
इस पूरे घटनाक्रम का किसी जागरूक नागरिक ने वीडियो बना लिया और उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। वीडियो वायरल होते ही जिला प्रशासन और आबकारी विभाग में हड़कंप मच गया है। आम जनता में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि आखिर पुलिस और आबकारी विभाग की नाक के नीचे सुबह 6:30 बजे से यह अवैध धंधा कैसे फल-फूल रहा है? क्या स्थानीय बीट सिपाही या आबकारी निरीक्षकों को इसकी भनक नहीं थी, या फिर सब कुछ ‘मिलीभगत’ के खेल के तहत चल रहा था?
स्थानीय निवासियों में आक्रोश, कार्रवाई की मांग
करमेर रोड के स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि सुबह-सुबह शराब की बिक्री होने के कारण क्षेत्र में अराजकता का माहौल पैदा हो रहा है। सुबह स्कूल जाने वाले बच्चों और महिलाओं को इस रास्ते से गुजरने में भारी असहजता का सामना करना पड़ता है। लोगों ने जिला अधिकारी (DM) और आबकारी कमिश्नर से मांग की है कि इस ठेके का लाइसेंस तत्काल निरस्त किया जाए और दोषी सेल्समैन व अनुज्ञापी (लाइसेन्स धारक) के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। अब देखना यह होगा कि इस पुख्ता वीडियो साक्ष्य के सामने आने के बाद जिम्मेदार अधिकारी क्या कदम उठाते हैं या फिर मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है।






