जालौन: निपुण भारत मिशन के तहत ब्लॉक स्तरीय संगोष्ठी का आयोजन; सदर विधायक ने शिक्षा की मजबूती पर दिया जोर

UPSAMVAD NEWS DESK
जालौन। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘निपुण भारत मिशन’ को धरातल पर उतारने और प्राथमिक शिक्षा की नींव को सशक्त करने के उद्देश्य से जनपद जालौन में एक भव्य ब्लॉक स्तरीय संगोष्ठी एवं उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। नगर के एक प्रतिष्ठित गेस्ट हाउस में आयोजित इस कार्यक्रम में शिक्षा विभाग के अधिकारियों, ग्राम प्रधानों और प्रधानाध्यापकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बुनियादी साक्षरता और संख्यात्मक ज्ञान (FLN) के लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से प्राप्त करना रहा।
प्राथमिक शिक्षा राष्ट्र निर्माण की धुरी: गौरीशंकर वर्मा
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा ने दीप प्रज्वलित कर संगोष्ठी का शुभारंभ किया। उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव आए हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, “बच्चों की प्राथमिक शिक्षा को सुदृढ़ करने के लिए सरकार ने राष्ट्रीय स्तर के संसाधन और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं। ऑपरेशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों की तस्वीर बदली गई है ताकि ग्रामीण परिवेश का कोई भी बच्चा गुणवत्तापूर्ण प्राथमिक शिक्षा से वंचित न रहे।”
स्थानीय सहयोग और विभागीय योजनाएं
विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद ब्लॉक प्रमुख रामराजा निरंजन ने शिक्षा के क्षेत्र में जनभागीदारी की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने आश्वासन दिया कि निपुण भारत मिशन के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ब्लॉक स्तर पर हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।
खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) ज्ञान प्रकाश अवस्थी ने बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया। उन्होंने शिक्षकों और प्रधानों से आह्वान किया कि वे आपसी समन्वय से विद्यालयी वातावरण को और अधिक शिक्षण अनुकूल बनाएं।
तकनीकी सत्र और प्रशिक्षण
संगोष्ठी के दौरान तकनीकी सत्रों का भी आयोजन किया गया, जिसमें विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं:
- निपुण भारत उन्मुखीकरण: SRG अभिलाष तिवारी ने कार्यशाला के माध्यम से निपुण लक्ष्यों को प्राप्त करने की रणनीतियों पर चर्चा की।
- DBT एवं शारदा कार्यक्रम: ARP दीपेंद्र कुमार ने डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) की पारदर्शी प्रक्रिया और स्कूल छोड़ चुके बच्चों को मुख्यधारा में लाने वाले ‘शारदा’ कार्यक्रम के बारे में विस्तार से बताया।
- प्री-प्रायमरी शिक्षा: ARP शिव कुमार ने छोटे बच्चों के मानसिक विकास के लिए प्री-प्रायमरी शिक्षा की भूमिका को रेखांकित किया।
सांस्कृतिक प्रस्तुति ने मोहा मन
कार्यक्रम का कुशल संचालन नोडल शिक्षक आलोक खरे द्वारा किया गया। उनके द्वारा प्रस्तुत स्वरचित गीत ‘पढ़ोगे, लिखोगे’ ने सभागार में मौजूद सभी लोगों में ऊर्जा भर दी। इस गीत की सराहना करते हुए अतिथियों ने इसे शिक्षा के प्रति जागरूकता का एक सशक्त माध्यम बताया।
इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर शिक्षाविद् डॉ. नितिन मित्तल, प्रभात कुमार, खंड विकास अधिकारी (BDO) प्रशांत कुमार सहित रोहित त्रिपाठी, रीनू पाल, सारिका सिंह, रमाकांत द्विवेदी, अरविंद श्रीवास्तव, सौरभ खरे, विद्यासागर मिश्र, नरेश निरंजन, सुनील निरंजन, लालजी पाठक, मधुलता गुप्ता, संजीव सोनकिया, भूरी देवी, गोविंद दीक्षित, मिलिंद सेन, सरोज गुप्ता, ममता निरंजन और किरन वर्मा सहित भारी संख्या में प्रधानाध्यापक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।







