जालौन में घरेलू हिंसा का तांडव: देवरों और सास पर मारपीट व अभद्रता का आरोप, पीड़िता ने एसपी से लगाई न्याय की गुहार

रिपोर्ट : राहुल, जालौन।UP SAMVAD
जालौन : उत्तर प्रदेश के जालौन जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। जालौन कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सुढ़ार सलाबाद में एक विवाहिता ने अपने ससुराल पक्ष के लोगों पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) के समक्ष न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि घरेलू विवाद के चलते उसके देवरों और सास ने न केवल उसके साथ बेरहमी से मारपीट की, बल्कि अभद्रता कर उसे घर से भी बेदखल कर दिया है।
मध्यरात्रि में शुरू हुआ कोहराम
पीड़िता नीतू उपाध्याय ने पुलिस अधीक्षक जालौन, विनय कुमार सिंह को दिए गए शिकायती पत्र में घटना का विस्तार से विवरण दिया है। नीतू के अनुसार, 16 जुलाई की रात करीब 12 बजे जब वह अपने पति के साथ कमरे में सो रही थी, तभी उसके देवरों, प्रमोद उपाध्याय उर्फ पम्मू और रोहित उपाध्याय ने दरवाजे पर आकर हंगामा शुरू कर दिया। आरोप है कि दोनों ने गाली-गलौज करते हुए जोर-जोर से दरवाजा पीटा। जब पीड़िता ने दरवाजा खोला, तो स्थिति हिंसक हो गई।
बाल पकड़कर घसीटा और की मारपीट
पीड़िता का आरोप है कि उसकी सास जय देवी ने उसे बालों से पकड़कर कमरे से बाहर घसीटा। इसके बाद देवरों के साथ मिलकर उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। नीतू ने अपनी शिकायत में कहा है कि आरोपियों ने इस दौरान उसके साथ न केवल शारीरिक हिंसा की, बल्कि अश्लील हरकतें और अभद्रता भी की। इस घटना में पीड़िता की आंख और घुटने में गंभीर चोटें आई हैं। जब उसके पति ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, तो दबंगों ने उन्हें भी नहीं बख्शा और जान से मारने की धमकी दी। शोर सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने बड़ी मुश्किल से मामले को शांत कराया।
घर से निकाला, पुलिस पर भी बरसी नाराजगी
नीतू उपाध्याय का आरोप है कि अगले दिन ससुराल पक्ष के लोगों ने उसे, उसके पति और उनकी छोटी बेटी को जबरन घर से बाहर निकाल दिया। पीड़िता का कहना है कि उसे अब घर के भीतर प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है। नीतू ने यह भी आरोप लगाया कि इस पूरी घटना के संबंध में उसने स्थानीय पुलिस चौकी और डायल-112 पर तत्काल सूचना दी थी, लेकिन वहां से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद हैं।
एसपी से निष्पक्ष जांच की मांग
पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में मांग की है कि मामले की गहनता से जांच की जाए और आरोपियों के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही, उसने अपने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भी गुहार लगाई है। इस मामले ने पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय छेड़ दिया है। फिलहाल, पीड़िता न्याय के लिए दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर है और उसे अब पुलिस प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की उम्मीद है।
पीड़िता नीतू उपाध्याय का बयान: “मेरे ससुराल वालों ने मुझे और मेरे पति को बर्बरता से पीटा, मेरे साथ अभद्रता की और अब हमें हमारे ही घर से बेदखल कर दिया है। स्थानीय पुलिस ने हमारी मदद नहीं की, इसलिए मैं आज न्याय की उम्मीद लेकर पुलिस अधीक्षक के पास आई हूं।”






